सेकंड के बाद क्या आता है?

जब हम सेकंड से छोटे समय की बात करते हैं, तो कई छोटी इकाइयां आती हैं। सेकंड के बाद आने वाली ये इकाइयां इतनी छोटी होती हैं कि उन्हें आसानी से समझ पाना मुश्किल होता है।

माइक्रोसेकंड, सेकंड का एक दस लाखवां हिस्सा होता है। इसके बाद आता है नैनोसेकंड, जो सेकंड का एक अरबवां हिस्सा होता है। यह समय इतना कम होता है कि एक बिजली के सिग्नल को कंप्यूटर चिप में एक छोर से दूसरे छोर तक जाने में लगभग एक नैनोसेकंड लग सकता है।

उसके बाद आता है पिकोसेकंड — यह सेकंड का एक खरबवां हिस्सा होता है। यह इतना तेज़ समय है कि प्रकाश इस दौरान सिर्फ कुछ मिलीमीटर दूरी तय कर पाता है।

और फिर आता है फेम्टोसेकंड, जो सेकंड का एक चौथाई अरबवां हिस्सा होता है। यह इतना सूक्ष्म समय है कि वैज्ञानिक इसका उपयोग अणुओं के भीतर होने वाली गतिविधियों को देखने के लिए करते हैं।

इन सूक्ष्म समय इकाइयों का उपयोग आजकल फिजिक्स, केमिस्ट्री और

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