क्या डीएम और कलेक्टर एक ही हैं? समझें भारतीय प्रशासन में इनकी भूमिका
अक्सर लोग उलझन में होते हैं कि क्या डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट (डीएम) और कलेक्टर एक ही व्यक्ति होता है या अलग-अलग पद हैं। सच तो यह है कि यह एक ही अधिकारी के दो अलग-अलग नाम हैं, जो एक ही व्यक्ति द्वारा धारण किए जाते हैं।
जैसे कि जब वह जिला मजिस्ट्रेट के रूप में कार्य करते हैं, तो उनकी मुख्य जिम्मेदारी कानून व्यवस्था बनाए रखना होती है। वे पुलिस विभाग और सार्वजनिक सुरक्षा के प्रमुख होते हैं। आपात स्थिति, दंगे या चुनाव के दौरान भी डीएम की भूमिका खास होती है।
वहीं, कलेक्टर के रूप में उनका काम राजस्व प्रशासन से जुड़ा होता है। वे भूमि कर के संग्रह के प्रमुख होते हैं और जिले में जमीन से संबंधित विवादों के उच्चतम न्यायाधिकारी भी होते हैं। इसके अलावा, वे सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और विकास कार्यों पर भी नजर रखते हैं।
इस तरह, डीएम और कलेक्टर एक ही व्यक्ति हो
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