सच्चा प्यार क्यों नहीं मिलता आज के ज़माने में?

क्या आपने कभी सोचा है कि सच्चा प्यार आजकल इतना दुर्लभ क्यों हो गया है? ऐसा इसलिए नहीं कि प्यार खत्म हो गया है, बल्कि इसलिए क्योंकि हमारी नज़र प्यार को देखने का तरीका बदल गया है।

असली प्यार तब होता है, जब दो लोग एक-दूसरे के बिना एक पल भी अधूरा महसूस करें। जब उनका साथ इतना गहरा हो कि जुदाई सिर्फ समय का फासला बन जाए, दिल का नहीं। लेकिन आज के दौर में ऐसा कम ही देखने को मिलता है।

क्यों? क्योंकि ज़्यादातर लोग अब रिश्ते सिर्फ एक ज़रूरत पूरी करने के लिए बना रहे हैं। जी हाँ, कई बार लोग प्यार करने के बजाय सिर्फ S*X के लिए रिलेशनशिप में आते हैं। जैसे ही वह ज़रूरत पूरी होती है, वे रिश्ता तोड़ देते हैं। ऐसे रिश्ते में भावनाएं कहाँ टिक सकती हैं?

हम जितना तकनीक के करीब जा रहे हैं, उतने दिलों से दूर होते जा रहे हैं। प्यार सिर्फ फीलिंग्स नहीं, समर्पण का नाम है। और जब तक हम इसे समझ नहीं लेंगे

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