डिप्रेशन की जांच कैसे होती है?
डिप्रेशन की जांच सिर्फ एक ब्लड टेस्ट या एक्स-रे से नहीं होती, लेकिन यह सच है कि डॉक्टर आपके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों को ध्यान में रखकर जांच करते हैं। जब कोई व्यक्ति डिप्रेशन या मैनिया से गुजरता है, तो उसके शरीर के बायोलॉजिकल मार्कर्स में बदलाव आ जाते हैं। ये वे संकेत होते हैं जिन्हें डॉक्टर जांच के दौरान पहचानने की कोशिश करते हैं।
डॉक्टर आपका ब्लड प्रेशर चेक कर सकता है, पल्स देख सकता है, ECG करवा सकता है या खून की जांच के लिए कह सकता है। ये सभी जांचें आपके शरीर की आंतरिक स्थिति को समझने में मदद करती हैं। कई बार थायरॉइड, विटामिन D की कमी या अन्य शारीरिक समस्याएं भी डिप्रेशन जैसे लक्षण दिखा सकती हैं। इसलिए डॉक्टर सबसे पहले इन बातों को नियंत्रित करने की कोशिश करते हैं।
साथ ही, मनोचिकित्सक आपसे बातचीत के जरिए भी डिप्रेशन की जांच करते हैं। वे आपके व्यवहार, नींद, भूख, मूड और विचारों पर ध्यान देते ह
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