घर बैठे मनोरंजन: ओटीटी के कारण बदलता सिनेमा का समीकरण
आजकल बॉक्स ऑफिस पर कई बड़े बजट की फिल्में भी लाइन में नहीं लग पा रही हैं। एक सवाल जो अक्सर उठता है, वह यही है कि भारतीय सिनेमा क्यों फ्लॉप हो रहा है? इसका सबसे बड़ा जवाब छुपा है OTT प्लेटफॉर्म्स के उदय में।
साल 2022 के बाद से ही ओटीटी का जादू दर्शकों पर चलने लगा। अब लोग पैसे खर्च करके सिनेमा हॉल जाने की बजाय, घर पर बैठे मोबाइल या टीवी पर फिल्में देखना पसंद करते हैं। वो भी बिना ट्रैफिक, बिना महंगे टिकट और किसी भी समय।
इसके अलावा, OTT प्लेटफॉर्म्स कंटेंट की विविधता भी देते हैं। छोटे निर्माता, अलग-अलग भाषाओं की कहानियां, यहां तक कि ऐसे विषय भी जो पहले सिनेमा हॉल में नहीं चलते थे, आज लाखों लोग इन्हें देख रहे हैं।
हालांकि, यह मतलब यह नहीं कि सिनेमा मर रहा है। बड़ी फिल्में, खासकर जो विजुअल एक्सपीरियंस पर भरोसा करती हैं, अब भी हॉल में देखने लायक होती हैं। लेकिन छोटे
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