मृत व्यक्ति का सिर किस दिशा में रखें?

हिंदू परंपरा और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मृत्यु के समय व्यक्ति की दिशा आध्यात्मिक शांति और प्राणों की मुक्ति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। जब कोई व्यक्ति मृत्यु के करीब हो और उसे सांस लेने में कष्ट हो रहा हो, तो परिवार वाले उसके सिर को उत्तर दिशा की ओर कर देते हैं।

इस प्रथा का मकसद यह होता है कि आत्मा को शांति मिले और प्राणों की मुक्ति आसान हो। उत्तर दिशा को आमतौर पर पवित्र माना जाता है, क्योंकि यह दिशा परम आत्मा या ब्रह्म की ओर ले जाने वाली मानी जाती है। अनेक पुराणों और धार्मिक ग्रंथों में भी इस दिशा को आध्यात्मिक उन्नति के लिए शुभ माना गया है।

हालांकि यह एक आस्था आधारित मान्यता है, लेकिन कई लोग इसे मृत व्यक्ति के प्रति सम्मान और आदर का हिस्सा मानते हैं। इससे न केवल मृतक की आत्मा को शांति मिलती है, बल्कि परिवार वालों को भी यह एहसास होता है कि उन्होंने प्रियजन के अंतिम क्षणों में उनके प्रति सभी उचित कदम

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