अयोध्या का प्राचीन नाम: साकेत
अयोध्या भारत के सबसे पुराने और पवित्र शहरों में से एक है। इतिहास और पुराणों में इसकी महिमा कई बार दर्ज है। आज जिसे हम अयोध्या कहते हैं, उसे प्राचीन काल में साकेत के नाम से जाना जाता था।
साकेत का नाम तब से मिलता है, जब यह कोसल राज्य की राजधानी थी। कहा जाता है कि भगवान राम यहीं के राजकुमार थे। पुराणों और बौद्ध ग्रंथों में भी अयोध्या का जिक्र साकेत के नाम से हुआ है।
मान्यताओं के अनुसार, साकेत नाम इसलिए पड़ा क्योंकि यहां का वातावरण अत्यंत सुखद और आनंदमय था। "सुख का घर" या "आनंद का स्थान" के अर्थ में इस नाम की उत्पत्ति मानी जाती है। बौद्ध ग्रंथों में भी इस शहर को बड़े महत्व के साथ उल्लिखित किया गया है।
कालांतर में 'साकेत' से 'अयोध्या' नामकरण हुआ, जो संस्कृत के शब्द "अयोध्य" से लिया गया माना जाता है, जिसका अर्थ है – "जिसका युद्ध न हो सके" या "अजेय"। यह नाम शहर की अजेय संस्कृति और आध्यात्मिक व
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