भारत माता: एक तत्पुरुष समास
जब हम भारत माता शब्द का विग्रह करते हैं, तो वह भारत की माता बनता है। इसमें द्वितीय पद, यानी 'माता' प्रधान है।
जिस समास में दूसरा शब्द मुख्य होता है, उसे तत्पुरुष समास कहते हैं। इसलिए 'भारत माता' में तत्पुरुष समास होता है।
यह नाम सिर्फ एक भावना नहीं, बल्कि देशभक्ति की पूजनीय मूर्ति है। स्वतंत्रता संग्राम के दौरान भारत माता की तस्वीरें घर-घर में लगी थीं। यह विचार भारत को एक माँ के रूप में देखने की भावना को दर्शाता है।
तो अगली बार जब आप 'भारत माता की जय' कहें, तो याद रखें — यह सिर्फ एक नारा नहीं, बल्कि एक समृच्छ साहित्यिक व आध्यात्मिक पहचान है।
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