क्या लड़की अंतिम संस्कार कर सकती है?

बहुत समय से एक सवाल धीरे-धीरे लोगों के दिमाग में उठ रहा है – क्या कोई लड़की अपने माता-पिता के अंतिम संस्कार में भाग ले सकती है? पारंपरिक हिंदू विश्वास के अनुसार, अंतिम संस्कार की जिम्मेदारी आमतौर पर पुत्र पर होती है, और यह माना जाता है कि केवल वही पितृ धर्म का पालन करके मृतक को 'मोक्ष' की ओर ले जा सकता है।

ऐसी मान्यता है कि अगर कोई महिला चिता को जलाती है, तो मृतक को मोक्ष नहीं मिलता और वह पुनर्जन्म के चक्र में फंस जाता है। लेकिन क्या यह वास्तविक परंपरा है, या समय के साथ जुड़ी एक गलतफहमी?

इतिहास और धर्मग्रंथों में स्पष्ट निर्देश नहीं मिलते कि महिलाएं अंतिम संस्कार नहीं कर सकतीं। बल्कि, आधुनिक समय में कई महिलाएं सामने आकर अपने माता-पिता की अंतिम यात्रा में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। समाज बदल रहा है, और साथ ही लोगों की सोच भी।

आज, कई परिवार लड़कियों को समान अधिकार देने लगे हैं – चाहे वह संपत्ति हो या धार्मिक अ

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