मोदी की ऐतिहासिक अमेरिका यात्रा: सद्भावना और राजनयिक बंधन को मजबूत करना
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया अमेरिका यात्रा केवल एक आधिकारिक दौरा नहीं, बल्कि भारत और अमेरिका के बीच गहरे संबंधों का प्रतीक थी। यह उनके प्रधानमंत्री पद पर आने के बाद अमेरिका की पहली आधिकारिक यात्रा थी, जिसने द्विपक्षीय संबंधों में एक नई ऊर्जा भरी। मोदी के पहले प्रधानमंत्री के रूप में यूएस दौरे ने दोनों देशों के बीच बढ़ते राजनयिक, आर्थिक और रक्षा सहयोग को दर्शाया।
दिलचस्प बात यह है कि मोदी का पहला अमेरिका दौरा 1993 का था। उस वक्त वे आरएसएस के प्रचारक थे और मुरली मनोहर जोशी के साथ स्वामी विवेकानंद की शताब्दी पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने शिकागो गए थे। आज, वही मोदी अमेरिका के राष्ट्रपति के साथ वार्ता कर रहे हैं, भारतीय समुदाय को संबोधित कर रहे हैं और वैश्विक मुद्दों पर सहमति बनाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।
यह पांच दिवसीय दौरा केवल नीतिगत बैठकों तक सीम
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