राम की मौसी कौन थीं?
भगवान राम की मौसी का नाम वर्षिणी था, जो महारानी कौशल्या की छोटी बहन थीं। वह राजा रोमपद की पत्नी थीं और उनका नाम अक्सर शैलीषा या शैलूषी भी माना जाता है। रामायण के कुछ संस्करणों और स्थानीय कथाओं में उनका उल्लेख राम परिवार के सबसे निकट के सदस्यों में होता है।
कहा जाता है कि राम की बड़ी बहन शांता का पालन-पोषण वर्षिणी और राजा रोमपद ने किया था। शांता वास्तव में कौशल्या की बेटी थी, लेकिन जन्म के तुरंत बाद उन्हें रोमपद के घर गोद लिया गया था। इस प्रकार वर्षिणी न केवल राम की मौसी, बल्कि शांता की पालनहार माँ भी बनीं।
शांता के बारे में दो कथाएँ प्रचलित हैं—एक के अनुसार वह राम की ज्येष्ठ बहन थीं और दूसरे में उनका उल्लेख विभिन्न राजपरिवारों से जुड़ा हुआ है। फिर भी, अधिकांश मान्यताओं में वर्षिणी को राम की मौसी और शांता की सच्ची संरक्षक माना जाता है।
इस तरह, प्रेम, त्याग और पारिवारिक बंधनों क
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