विश्व संगीत दिवस की शुरुआत और इतिहास

संगीत की कोई सीमा नहीं होती, यह दिल को छूने वाली एक ऐसी भाषा है जो दुनिया भर के लोगों को आपस में जोड़ती है। इसी सुरीली भावना का जश्न मनाने के लिए हर साल विश्व संगीत दिवस मनाया जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस खास दिन की शुरुआत कहाँ से और किसने की थी?

विश्व संगीत दिवस की नींव फ्रांस में रखी गई थी। साल 1982 में फ्रांसीसी राजनीतिज्ञ जैक लैंग ने पहली बार एक ऐसे दिन की कल्पना की थी, जो पूरी तरह से संगीत और संगीतकारों को समर्पित हो। उनके इस खूबसूरत विचार को आगे बढ़ाने और इसे अमलीजामा पहनाने का काम फ्रांस के संस्कृति मंत्रालय में निदेशक रहे मौरिस फ्लेरेट ने किया।

इसके बाद फ्रांस में पहली बार इसे 'फ़ेते डे ला म्यूज़िक' (Fête de la Musique) के नाम से मनाया गया। इस दिन का मुख्य उद्देश्य केवल प्रसिद्ध कलाकारों को ही नहीं, बल्कि नए और शौकिया संगीतकारों को भी अपनी कला का प्रदर्शन करने का एक मुफ़्त और खुला मंच देना था।

फ्रांस से शुरू हुआ यह संगीतमय सफर आज पूरी दुनिया में फैल चुका है। हर साल 21 जून को दुनिया भर के विभिन्न शहरों में सड़कों, पार्कों और चौराहों पर मुफ्त संगीत कार्यक्रमों का आयोजन होता है, जहाँ लोग खुलकर संगीत का आनंद लेते हैं।

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