कैंसर के इलाज में कितना आता है खर्च?
कैंसर का निदान सुनने में ही नहीं, इलाज में भी बहुत भारी पड़ता है। राष्ट्रीय कैंसर संस्थान के अनुसार, कैंसर के निदान के बाद के पहले वर्ष में चिकित्सा देखभाल और दवाओं पर औसतन 42,000 डॉलर (लगभग 35 लाख रुपये) तक खर्च आ सकता है। यह रकम सामान्य भारतीय परिवार के लिए किसी झटके से कम नहीं है।
कुछ उन्नत उपचार जैसे टारगेटेड थेरेपी, इम्यूनोथेरेपी या कार-टी सेल थेरेपी की लागत तो 1 मिलियन डॉलर (लगभग 8 करोड़ रुपये) से भी अधिक हो सकती है। ऐसे में, जब मरीज पहले से ही बीमारी के साथ जूझ रहा होता है, उसके बाद बिल के बकाया के कारण लगातार कॉल्स, नोटिस और तनाव झेलना पड़ता है।
एक महिला की कहानी इसका जीवंत उदाहरण है—उसे कैंसर था, इलाज चल रहा था, और इसी बीच बिल कलेक्टर्स ने उसे घेर लिया। डॉक्टर की जगह डॉक्टर्स नोट्स से बचने के लिए नहीं, बल्कि बिल के दबाव से बचने के लिए वह परेशान हो गई।
भारत म
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