द्रौपदी को कृष्ण क्यों कहा जाता है?
द्रौपदी को कृष्ण कहने की बात कई बार सुनने में आती है, लेकिन यह एक भ्रम है। असल में, द्रौपदी का मूल नाम कृष्णा था। यह नाम उनके सांवले वर्ण के कारण पड़ा, क्योंकि 'कृष्णा' शब्द का अर्थ है – 'काली' या 'गौरी'। इसलिए, उन्हें कृष्ण नहीं, बल्कि कृष्णा कहा जाता था।
दूसरी ओर, भगवान श्रीकृष्ण का नाम भी उनके गहरे श्याम वर्ण के कारण पड़ा। ऐसे में द्रौपदी और कृष्ण दोनों के नाम की उत्पत्ति एक ही शब्द से हुई है, लेकिन यह नहीं मतलब कि द्रौपदी को कृष्ण कहा जाता है।
द्रौपदी और श्रीकृष्ण के बीच गहरा मैत्री संबंध था। वे एक-दूसरे को सखा और सखी कहकर संबोधित करते थे। द्रौपदी श्रीकृष्ण को सखा मानती थीं, तो श्रीकृष्ण उन्हें सखी। यह संबंध पूर्णतया शुद्ध भावनाओं पर आधारित था।
इसलिए, द्रौपदी को कृष्ण नहीं कहा जाता। यह भ्रम उनके नाम 'कृष्णा' और श्रीकृष्ण के नाम की समानता के कारण फैला है। ल
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