भारत में जीवन प्रत्याशा: एक धीमी लेकिन स्थिर बढ़ोतरी

भारत में एक औसत नागरिक के जीवनकाल की बात करें, तो वर्ष 2022 में यह 70.19 वर्ष तक पहुँच गया। यह आंकड़ा 2021 की तुलना में 0.33% अधिक है। हालाँकि यह वृद्धि धीमी है, लेकिन यह स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार, बेहतर खाद्य आपूर्ति और चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार की ओर इशारा करती है।

गौरतलब है कि 1950 के दशक में भारत में जीवन प्रत्याशा केवल लगभग 32 वर्ष के आसपास थी। तब से यह लगभग दोगुनी हो चुकी है। इसके पीछे कई कारण हैं—बच्चों की मृत्यु दर में कमी, टीकाकरण कार्यक्रम, साफ पानी की उपलब्धता और सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यक्रमों का विस्तार मुख्य भूमिका निभाते हैं।

हालांकि, अभी भी देश के अलग-अलग राज्यों में जीवन प्रत्याशा में भारी अंतर है। कुछ उन्नत राज्यों में यह 75 वर्ष से अधिक है, जबकि कुछ पिछड़े क्षेत्रों में अभी भी यह औसत से कम है।

आने वाले वर्षों में शहरीकरण, बेहतर शिक्षा और आरोग

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