क्रिकेट के दादा – कौन हैं वो?

क्रिकेट के इतिहास में एक नाम ऐसा है जिसे अक्सर 'क्रिकेट के दादा' कहा जाता है – डॉक्टर डब्ल्यू जी ग्रेस। वे 19वीं सदी के महानतम क्रिकेटर माने जाते हैं। जन्म 1848 में हुआ था और तब से लेकर 1908 तक क्रिकेट खेला, जो उस जमाने में अविश्वसनीय लंबा समय था।

ग्रेस ने न सिर्फ खेल में बल्लेबाजी और गेंदबाजी में क्रांति की, बल्कि क्रिकेट को एक पेशेवर खेल के रूप में स्थापित करने में भी अहम भूमिका निभाई। उनकी दाढ़ी, बड़ी टोपी और विशिष्ट अंदाज ने उन्हें दृश्य रूप से भी एक प्रतीक बना दिया।

उन्होंने 124 फर्स्ट-क्लास सैकड़े लगाए और कुल लगभग 55,000 रन बनाए – जो उस समय एक विशाल उपलब्धि थी। इसके अलावा, उन्होंने 2,800 से अधिक विकेट भी लिए। यानी, वे एक ऑल-राउंडर के रूप में भी अनूठे थे।

लेकिन सिर्फ आंकड़े ही नहीं, ग्रेस ने क्रिकेट की छवि को भी आकार दिय Aur इसे लोकप्रिय बनाने में बड़ी भूमिका निभाई। उनके बाद क्रिक

यह भी देखें

विस्तृत लेख

संबंधित विषय