दिल घबराने के पीछे छिपी हो सकती है एंजाइटी
दिल घबराना, सांस फूलना, बेचैनी महसूस होना—क्या आपके साथ भी ऐसा अक्सर होता है? अगर हां, तो यह सिर्फ थकान या तनाव नहीं हो सकता। ऐसे लक्षण अक्सर एंजाइटी (चिंता विकार) के संकेत होते हैं।
जब दिमाग किसी न किसी बात को लेकर लगातार चिंता करने लगे, भविष्य को लेकर डर बना रहे, या छोटी-छोटी बातों पर भी दिल धड़क उठे, तो यह सामान्य नहीं है। एंजाइटी में इंसान को बिना किसी वजह के घबराहट होती है, मानो कुछ बुरा होने वाला हो। कई बार यह इतना तेज हो जाता है कि सांस लेने में तकलीफ होने लगती है, दिल तेजी से धड़कता है और पसीना आने लगता है।
लोग अक्सर इसे नजरअंदाज कर देते हैं—“कुछ नहीं होगा”, “थोड़ा तनाव है”—लेकिन ऐसा करना खतरनाक हो सकता है। एंजाइटी को समय रहते पहचानना जरूरी है। इसे दवा या थेरेपी के जरिए बेहतर तरीके से संभाला जा सकता है।
अगर आपके अंदर ये लक्षण लगातार दोहराते हैं, तो इसे हल्के म
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