हिन्दू धर्म का स्वरूप और प्राचीनता
हिन्दू धर्म दुनिया के सबसे प्राचीन धर्मों में से एक माना जाता है। इसकी शुरुआत किसी एक व्यक्ति या पैगंबर द्वारा नहीं हुई है, बल्कि यह सदियों से चली आ रही विभिन्न परंपराओं, ऋषियों के ज्ञान और जीवन दर्शन का संगम है।
भारतीय परंपरा और विभिन्न कालों के अनुसार, स्वायंभुव मनु और वैवस्वत मनु जैसे प्राचीन मनीषियों का उल्लेख मिलता है, जिनके काल से इस सभ्यता और संस्कृति की धारा को समझा जाता है। भगवान श्रीराम और भगवान श्रीकृष्ण के काल को भी इसके ऐतिहासिक और पौराणिक क्रम में महत्वपूर्ण माना गया है।
आधुनिक शोध और ऐतिहासिक दृष्टिकोण के अनुसार, सनातन परंपरा और हिन्दू संस्कृति हजारों वर्ष पुरानी है, जो समय के साथ निरंतर विकसित होती रही है।
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