भारतीय दंड संहिता की धारा 81 क्या कहती है?

भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 81 उस कार्य को समझाती है जो किसी बड़े नुकसान या आपदा को रोकने के उद्देश्य से किया जाता है। यह धारा उन परिस्थितियों को ध्यान में रखती है, जहाँ कोई व्यक्ति बिना किसी आपराधिक इरादे के, एक छोटे नुकसान को रोकने के चक्कर में एक बड़ी घटना को टालने के लिए कोई कदम उठाता है।

उदाहरण के लिए, मान लीजिए किसी आग में फंसे घर में किसी को बचाने के लिए आप एक खिड़की तोड़ देते हैं। इससे संपत्ति को नुकसान होता है, लेकिन आपका इरादा अच्छा था। ऐसे में धारा 81 आपको कानूनी सुरक्षा प्रदान कर सकती है। लेकिन यह भी स्पष्ट है कि इस धारा का उपयोग तभी हो सकता है जब कार्य के पीछे कोई आपराधिक मनशा न हो

हालांकि, धारा 81 यह नहीं कहती कि नुकसान होने पर भी पूर्ण छूट मिल जाएगी। यह केवल उस स्थिति को कानूनी दृष्टिकोण से जायज ठहराने की आधारशिला बनाती है। न्यायालय परिस्थितियों को देखकर निर्ण

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