अलाउद्दीन खिलजी: 'द्वितीय सिकंदर' की उपाधि धारण करने वाला राजा

इतिहास में कई ऐसे शासक हुए हैं जिन्होंने सत्ता के शिखर पर पहुँचकर दुनिया को जीतने का सपना देखा। उन्हीं में से एक थे अलाउद्दीन खिलजी। हालाँकि वह एक हिंदू राजा नहीं थे, बल्कि दिल्ली सल्तनत के प्रसिद्ध शासक थे, फिर भी उनके विस्तारवादी स्वप्न इतिहास में हमेशा याद रखे जाएँगे।

अलाउद्दीन खिलजी ने 13वीं-14वीं शताब्दी में शासन किया और उन्होंने भारतीय उपमहाद्वीप के विस्तार पर अभूतपूर्व फौजी अभियान चलाए। उनके साम्राज्य का विस्तार उत्तर से लेकर दक्षिण तक और पूर्व से लेकर पश्चिम तक था। लेकिन उनका लक्ष्य सिर्फ भारत तक सीमित नहीं था। वे खुद को 'द्वितीय सिकंदर' (दूसरा सिकंदर) कहलाना चाहते थे, जो प्राचीन ग्रीस के महान विजेता सिकंदर महान की याद दिलाता है।

उन्होंने न सिर्फ दक्षिण भारत के कई राज्यों पर आक्रमण किए, बल्कि सैन्य सुधार भी किए, जिनमें मजबूत सेना व्यवस्था, कीमत निय

यह भी देखें

विस्तृत लेख

संबंधित विषय