अब शिक्षक बच्चों को नहीं मार सकते – कानूनी सख्ती बढ़ी

एक बच्चे की सीखने की प्रक्रिया में शिक्षक की भूमिका अहम होती है, लेकिन क्या वे अनुशासन के नाम पर छात्रों को मार सकते हैं? जवाब है – बिल्कुल नहीं। अब स्कूलों में शिक्षकों के लिए बच्चों को मारना या प्रताड़ित करना कानूनी रूप से गलत है।

केंद्र सरकार के निर्देशों के अनुसार, किसी भी शिक्षक को छात्रों पर शारीरिक या मानसिक दंड देने की अनुमति नहीं है। चाहे वह डंडे से पीटना हो, कान मरोड़ना हो या किसी भी तरह का अपमान करना – यह सब अब गैरकानूनी माना जाता है।

क्या है कानूनी प्रावधान?

अगर कोई शिक्षक छात्र के साथ शारीरिक दुर्व्यवहार करता पकड़ा जाता है, तो किशोर न्याय अधिनियम के तहत उसके खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है। आरोप साबित होने पर शिक्षक को तीन महीने तक की सजा हो सकती है। साथ ही, संबंधित स्कूल या संस्था पर एक लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है।

यह नियम बच्चों के अधिकारों की रक्षा क

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